Ayurvedic Herb Salam Panja
सालम पंजा जिसे सालम तिश्री के नाम से भी जाना जाता है,विशेषतः पश्रिमी हिमालय और तिब्बेत में 8से 12 हजार फीट कि उंचाइ पर पैदा होता है। भारत मे इसकि आवक ज्यातर ईरान और अफगानिस्तान से होती है। इसका कंद उपयोग में लिया जाता है और बाजार मे जडी़बुटी बेच ने वाले दुकानों पर मिलता है। इसके चुर्ण को पानी मे भिगाने पर पर्याप्त चिपचिपा अंश बनता है।
सालम पंजा के फायदे
1 टीबी,क्षय रोग मे फायदेमंद
2 धातुओं कि कमी,खुनी पेंचीस,बहुमुत्र मे लाभकारी
3 इसे सेवन करने से शरिर का वनज बढ़ता है।
4 यह बलकारक,षुक्रजनक,रक्तशोधक कमे लाभकारी
5 कामोधीपक,कामेच्छा बढ़ाता है,विर्यवर्धक और पोष्टिक है।
6 मास्तिश्क और मज्या तंतुओ के लिए उत्तेजक है।
7 पाचनतंत्र मे फायदेमंद
8 तांत्रिक दुर्बलता,मानसिक और शरिर थकावट मे फायदेमंद
9 पक्षाघात लकवा होने पर दस्त एसिडीटी मे लाभकारी
10 वात,पित्त,कफ मे फायदेमंद 11 महिलाओं के लिए प्रसव मंे लाभकारी
12 प्रदर रोग मे,सफेद पानी कि समस्या मे 13 क्षय रोग में
सालम पंजा के नुकसान
1 आंतोे को हानीकारक,अति होने से सौंठ का प्रयोग करते है।
2 दसे जादा सेवन करने से वनज बढ़ता है। 3 यह कब्ज कि बिमारी उत्पन्न कर सकता है। 4 इसे सरदर्द,उल्टी,त्वचा में चकते आ सकते है
5 बुखार गैस हो जाना
सिताराम सावजी उतेकर
महा आयुर्वेदिक जडी़बुटी सालम पंजा
मो नं 9833696512
( विशेष जानकारी अगर किसी को त्वचा संबंधी बीमारी,सफेद दाग,सोरायसीस,एज्जिमा, लाल चट्टे,है तो उपर दिए गये फोन से जानकारी लिजिए)
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