Ayurvedic Herb Sagargoti
सागरगोटी या पुतिकरंज कि लतांए सेहत के लिए बहुत हि गुणकारी है। हालांकी अभी भी बहुत कम लोगो को वुतिकरंज और लताकरंज के फायदों के बारें में जानते नहीं। आयुर्वेद ग्रंथो में पूजिकरंज फायदों और औषधीय गुणो कों का उल्खेख मिलता है। यह जड़ीबुटी त्वचा रोग,डायबीटीज,माइग्रेन और आंखो से जुडे़ रोगा कर इलाज में सहायक है। आए इसके सभी फायदो और उपयोग के बारें में विस्तार से जानते है। पुजिकरंज की लताएं लगभग 20 मी,लम्बी कांटेदार और किचड़ वाली जगहो पर पुजिकरंज के लताएं आधिक पायी जाती है। आमतौर पर ये लताएं किसी सहारे के चारों तरफ लिपटते हुए उपर कि दिशा में बढ़ती है। इसकि शांखाएं फैली हुई और भुरे रंग कि होती है।
पूतिकरंज क्या है?
पूतिकरंज की लताएं लगभग 20 मी लम्बी, कांटेदार और ह्मेस्धा हरी रहती हैं। नदियों, तालाबों और कीचड़ वाली जगहों पर पूतिकरंज की लताएं अधिक पायी जाती हैं। आमतौर पर ये लताएं किसी सहारे के चारों तरफ लिपटते हुए ऊपर की दिशा में बढ़ती हैं। इसकी शाखाएँ फैली हुई और भूरे रंग की होती हैं।
सागरगोटी के फायदे
1 माइग्रेन यानी सरदर्द मे लाभकारी
2 गंजापन,या टकला होना
3 आंखो कि सुजन मे फायदेमंद
4 दांतो की बीमारीमे लाभदायक
5 खांसी कि समस्या के लिए कारगर
6 पेट से जुडे रोग मे लाभकारी
7 उल्टी कि समस्या मे फायदेमंद
8 बवासीर,या मुळव्याद मे लाभकारी
9 त्वचा रोग और सभी प्रकार कि त्वचा संबंधी बीमारी में
10 वात,पित्त,कफ दोष के लिए कारगर
11 बुखार मे लाभकारी
12 कान बहने कि समस्या मे लाभकारी
13 पथरी रोग मे लाभकारी
14 शरिर कि सुजन कम करने में कारगर
सागरगोटी के नुकसान
आयुर्वेदिक विशेषज्ञों के अनुसार पूतिकरंज बीज मज्जा चूर्ण का 1.3 ग्राम मात्रा में उपयोग करना चाहिए लेकिन अगर आप किसी बीमारी के घरेलू इलाज के रूप में इसका इस्तेमाल करना चाहते हैं तो चिकित्सक की सलाह अनुसार ही इसका उपयोग करें।
सिताराम सावजी उतेकर
महा आयुर्वेदि जड़बुटी सागरगोटी
मो नं 9833696512
विषेश जानकारी अगर किसी भी प्रकार कि त्वचा संबंधी बीमारी सफेद दाग, सोरायसीस, एज्जिमा,लाल चट्टे है तो उपर दिये हुये नंबर से संपर्क किजिए

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